
रिवार्ड्स ऑफ जस्टिस 11 सितंबर 2001 को वर्ल्ड ट्रेड सेंटर और पेंटागन पर हुए हमले से संबंधित सूचना देने पर $25 मिलियन तक के इनाम की पेशकश कर रहा है। अलकायदा (एक्यू) से जुड़े उन्नीस आतंकवादियों ने कैलिफोर्निया जा रहे और पूर्वी यूनाइटेड स्टेट्स के तीन अलग हवाईअड्डों से उड़ान भरने वाले चार व्यावसायिक एयरलाइन्स के विमानों का अपहरण कर लिया था। आतंकवादियों ने दो विमानों को न्यूयॉर्क के वर्ल्ड ट्रेड सेंटर से टकराकर क्रैश करा दिया और तीसरे को अर्लिंगटन, वर्जीनिया स्थित पेंटागन के पश्चिमी छोर से टकरा दिया। चौथा विमान शैंक्सविले, पेंसिलवैनिया के निकट तब क्रैश हो गया, जब यात्रियों ने अपहरणकर्ताओं से मुकाबला कर उन पर नियंत्रण करने की कोशिश की। इस हमले में दुनिया के विभिन्न देशों के कुल-मिलाकर, लगभग 3,000 नागरिक मारे गए। अब मृत अलकायदा नेता ओसामा बिन लादेन ने घटना के बाद एक वीडियो संदेश में इन हमलों की योजना बनाने और इसे अंजाम देने की जिम्मेदारी ली थी।
पहले दो विमान, जिन्होंने बोस्टन अंतर्राष्ट्रीय हवाईअड्डे से उड़ान भरा था, का अपहरण कर उन्हें वर्ल्ड ट्रेड सेंटर के न्यूयॉर्क स्थित मुख्य टावर से क्रैश करा दिया गया। इन विमानों के असर से जेट ईंधन के जलने से लगी आग से टावर ध्वस्त हो गया। टावर पर हुए इस हमले में 2600 लोगों की जानें गई।
तीसरे विमान ने वाशिंगटन ड्यूल्स अंतर्राष्ट्रीय हवाईअड्डे से उडान भरी थी, जिसका अपहरण कर उसे वर्ल्ड ट्रेड सेंटर पर हमले के आधे घंटे बाद ही पेंटागन के दक्षिण-पश्चिम किनारे से क्रैश करा दिया गया। इसके कारण विमान के सभी यात्री और इमारत के भीतर मौजूद 125 लोग मारे गए और इमारत को भारी नुकसान पहुँचा।
चौथे विमान ने नेवार्क अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे से उड़ान भरी थी और संभवतः अमेरिका की राजधानी या व्हाइट हाउस ले जाया जा रहा था। विमान में सवार यात्रियों ने विमान पर नियंत्रण के लिए आतंकवादियों से मुकाबला किया। इन बहादुर नागरिकों की वजह से, आतंकवादी अपने प्रयोजन में सफल नहीं हो पाए और विमान पेंसिलवेनिया के शैंक्सविले के निकट दुर्घटनाग्रस्त हो गया और सभी 40 यात्रियों की मृत्यु हो गई।
ये हमले 1941 के पर्ल हार्बर के बाद यूनाइटेड स्टेट्स पर हुए सबसे विध्वंसकारी हमले थे।
