इस्लामिक स्टेट्स खोरासन प्रोविंस (आईएसआईएस-के) एक अफगानिस्तान स्थित आतंकवादी संगठन है, जो अफगानिस्तान और पाकिस्तान में गतिविधियाँ चलाता है। मुख्य रूप से तहरीक-ए तालिबान पाकिस्तान, अफगानिस्तान तालिबान और इस्लामिक मूवमेंट ऑफ उजबेकिस्तान के पूर्व सदस्यों से बने आईएसआईएस-के ने 2015 में आईएसआईएस से गठबंधन की इच्छा व्यक्त की थी। आईएसआईएस-के काबुल में हो रहे एक शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन में बम-विस्फोट के लिए जिम्मेदार है, जिसमें लगभग 80 लोगों की जानें गई थी और अन्य 230 लोग घायल हुए थे। अगस्त 2016 में इस समूह ने पाकिस्तान के क्वेटा शहर में एक अस्पताल में गोलीबारी और आत्मघाती बम-विस्फोट की जिम्मेदारी ली थी, जिसमें 94 लोगों की मृत्यु हुई थी। आईएसआईएस-के ने मई 2020 में काबुल मैटर्निटी हॉस्पिटल पर हुए हमले की भी जिम्मेदारी ली थी, जिसमें 24 लोग मारे गए थे, जिसमें नवजात बच्चे और उनकी माँएं भी शामिल थीं।
14 जनवरी 2016 को अमेरिकी राज्य विभाग ने आईएसआईएस-के को संशोधित प्रवास और राष्ट्रीयता अधिनियम के अनुच्छेद 219 के तहत विदेशी आतंकवादी संगठन करार दिया। इसके पहले, 29 सितंबर 2015 को राज्य विभाग ने संशोधित कार्यकारी आदेश 13224 के अनुसार आईएसआईएस-के को विशेष रूप से नामित वैश्विक आतंकवादी संगठन करार दिया। इसके परिणामस्वरूप, आईएसआईएस-के की सारी संपत्ति और संपत्ति सं संबंधित हितों जो अमेरिकी न्यायाधिकार में आते हैं उन्हें अवरोधित कर दिया गया है, और अमेरिकी लोगों को सामान्य रूप से आईएसआईएस-के के साथ किसी भी प्रकार के लेन—देन में शामिल होने से निषिद्ध किया गया है । इसके अलावा, आआईएसआईएस-के को जानबूझकर सामग्री सहायता या संसाधन प्रदान करना, या प्रदान करने का प्रयास करना या साजिश करना एक अपराध है।
